Tuesday, June 25, 2024
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एक हजार करोड़ के अवैध खनन का आरोप निराधार, सरकार गिराने के षडयंत्र में लगा है विपक्ष : हेमंत सोरेन

अवैध खनन मामले में ईडी के सामने पूछताछ के लिए जाने से पूर्व मुख्‍यमंत्री हेमन्‍त सोरेन ने साहिबगंज में अवैध खनन से एक हजार करोड़ रुपये के राजस्‍व के नुकसान के आरोप को सीधे तौर पर खारिज किया। यह भी कहा कि हमारी सरकार बनने के साथ ही विपक्ष सरकार के खिलाफ साजिश में जुटा रहा। चुनाव आयोग के मंतव्‍य को लेकर राज्‍यपाल पर भी उंगली उठाई। कहा ईडी दफ्तर जा रहा हूं उनके सवालों का जवाब दूंगा। अपने पिता शिबू सोरेन से आशीर्वाद लिये और ईडी कार्यालय के लिए निकल गये।

इस दौरान मुख्‍यमंत्री आवास के बाहर झामुमो के कार्यकर्ता ईडी, भाजपा और केंद्र सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते रहे। जब सीएम ईडी दफ्तर के निकलने से पहले मीडिया से बात कर रहे थे कोलकाता कैश कांड में निलंबित कांग्रेस विधायक डॉ इरफान अंसारी, राजेश कच्‍छप, नमन विक्‍सल कोंगाड़ी के अतिरिक्‍त मंत्री मिथिलेश ठाकुर, विनोद पांडेय, सुप्रियो भट्टाचार्य के अतिरिक्‍त पार्टी के अनेक विधायक मौजूद थे। पेशी के मद्देनजर ईडी कार्यालय के करीबी इलाकों में धारा 144 लागू कर दी गई।

मौके पर अपनी सफाई में उन्‍होंने ईडी के क्षेत्रीय सहायक निदेशक के नाम जारी तीन पेज का पत्र भी दिया। जिसमें आंकड़ों के हवाले से बताया है कि दो साल में साहिबगंज में अवैध खनन से एक हजार करोड़ रुपये के रॉयल्‍टी के नुकसान के लिए आठ करोड़ मेट्रिक टन पतथन का अवैध खनन करने की जरूरत होगी। मगर उपलब्‍ध सभी रेलवे रेक, ट्रक, पानी के जहाज मिलकर भी आठ करोड़ मेट्रिक टन अवैध पत्‍थर का परिवहन नहीं कर सकते।

न केवल इतना परिवहन असंभव है बल्कि इतने क्रशर, टिप्‍पर जैसे संसाधन साहिबगंज में कहां हैं। जिससे चार करोड़ मेट्रिक टन सालाना अवैध पत्‍थर खनन को अंजाम दिया जा सके। ईडी पर सवाल उठाते हुए लिखा है कि ईडी को तथ्‍यों एवं आंकड़ों का सत्‍यापन किये बिना एक हजार करोड़ रुपये के अवैध खनन संबंधी सनसनीखेज वक्‍तव्‍य जारी करना शोभा नहीं देता जबकि पिछले एक साल से जांच के दौरान 50 से अधिक रेड किये जा चुके हैं। ऐसे गैरजिम्‍मेदाराना बयान से न केवल राजय की छवि खराब होती है बल्कि संबंधित विभाग एवं उसके कर्मियों की छवि धूमिल करते हैं।

केजरीवाल बने भाजपा के हथकंडा

हेमन्‍त सोरेन ने पत्र में लिखा है कि राज्‍य में मुख्‍य विपक्षी पार्टी भाजपा ने रवि केजरीवाल से मुझे अवैध खनन में फंसाने के लिए बयान दिलवाये हैं। रवि केजरीवाल जेएमएम का सदस्‍य था। 2020 में निष्‍कासित किये जाने के पूर्व पार्टी का कोषाध्‍यक्ष था। उसके बाद जेएमएम ने उसके विरुद्ध प्राथमिकी भी दर्ज कराई। तब से रवि केजरीवाल मेरा जानी दुश्‍मन बन चुका है एवं मुझे आश्‍चर्य नहीं होगा यदि मुझसे व्‍यक्तिगत प्रतिशोध लेने के लिए मेरे ऊपर गलत कारोप लगाये। हालांकि प्रारंभ में ही सोरेन ने लिखा कि प्राकृतिक संपदा से परिपूर्ण प्रत्‍येक राज्‍य अवैध खनन के अभिशाप से ग्रस्‍त है, झारखंड इससे अछूता नहीं है।

पत्रकारों से बात करते हुए मुख्‍यमंत्री ने कहा कि मैं मुख्‍यमंत्री के रूप में संवैधानिक पद पर हूं। इस तरह से समन किया गया है मानो देश छोड़कर भागने वाला हूं। व्‍यापारी देश छोड़कर भागते हैं, किसी नेता को देश छोड़कर भागते मैंने नहीं देखा। ऐसी कार्रवाई में राज्‍य में संशय की स्थिति पैदा होगी। कार्यपालिका को निरंकुश करने का माध्‍यम बन सकता है। यह सरकार को अस्थिर करने का षडयंत्र है। विपक्ष हमारी सरकार बनने के समय से ही साजिश में लगा है। पहले से पनडुब्‍बी था जिसे बाहर निकालने की कोशिश हो रही है। राज्‍यपाल पर आक्रमण करते हुए हेमन्‍त ने कहा कि चुनाव आयोग के मंतव्‍य को लेकर राज्‍यपाल का अबतक लिफाफा नहीं खुला है। दो माह से अधिक पहले आयोग का मंतव्‍य आया।

मीडिया से उन्‍होंने चुनाव आयोग से सेकेंड ओपिनियन लेने की बात कह दी। बम फटने की बात कह दी। और तुरंत बाद मुझे ईडी का समन आ गया। फिर सत्‍ताधारी दल के विधायकों के यहां रेड पड़ने लगे। उन्‍होंने आशंका जतायी है कि आने वाले दिनों में और सत्‍ताधारी विधायकों के यहां रेड पड़ेंगे। कहा, आयोग से दूसरा मंतव्‍य पूरी तरह असंवैधानिक है। मैंने चुनाव आयोग से राज्‍यपाल द्वारा दूसरा मंतव्‍य मांगे जाने के संबंध में बात की तो आयोग ने कहा कि राज्‍यपाल का ऐसा कोई पत्र नहीं आया है। लगता है राज्‍यपाल भी समय का इंतजार कर रहे हैं। केंद्र पर खनन घोटाले को लेकर हमला करते हुए कहा कि राशि को देखकर लगता है गिट्टी, बालू मेजर मिनरल और कोयला व लौह अयस्‍क माइनर मिनरल है।

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