Sunday, April 6, 2025
spot_img
Homeखेलभारत को फुटबॉल में प्रगति के लिए ट्रेनर की शिक्षा पर ध्यान...

भारत को फुटबॉल में प्रगति के लिए ट्रेनर की शिक्षा पर ध्यान देना चाहिए : एडमिल्सन

ब्राजील के 2002 विश्व कप विजेता जोस एडमिल्सन का मानना ​​है कि भारत को फुटबाल में प्रगति के लिए अपने ट्रेनर की शिक्षा पर ध्यान देना चाहिए और युवा खिलाड़ियों की महत्वाकांक्षाओं को भी देखना चाहिए।
एडमिल्सन रियाल मैड्रिड और एफसी बार्सिलोना के उन स्टार खिलाड़ियों में शामिल हैं जो रविवार को डीवाई पाटिल स्टेडियम में ‘लीजेंड्स फेसऑफ’ में खेलेंगे।
इसमें कार्लोस पुयोल, लुइस फिगो, जावी, जेवियर सावियोला, रिवाल्डो, फर्नांडो मोरिएंटेस, माइकल ओवेन और कई अन्य खिलाड़ी खेलते नजर आएंगे।

मैच से पहले यहां आयोजित प्रेस कांफ्रेस में एडमिल्सन ने कहा, ‘‘एक अच्छा फुटबॉल खिलाड़ी बनने की तकनीक हासिल करने से पहले कई तरह की चीजों से निपटना होता है। भारत को ट्रेनर की शिक्षा पर ध्यान देना होगा और बच्चों की महत्वाकांक्षाओं पर भी ध्यान देना होगा। ’’
पूर्व ब्राज़ीलियाई खिलाड़ी ने एक अनुवादक के माध्यम से कहा, ‘‘एक अच्छा खिलाड़ी बनाने से पहले उन्हें एक अच्छा इंसान बनाना होगा। और यह बहुत महत्वपूर्ण है। कई जगहों पर बच्चे खिलाड़ी बनने का सपना देखते हैं। लेकिन इससे पहले समाज की कई समस्याओं का समाधान करना होगा। ’’

पेपे ने कहा कि अर्जेंटीना के सुपरस्टार लियोनेल मेस्सी की तुलना में पुर्तगाल टीम के उनके साथी क्रिस्टियानो रोनाल्डो डिफेंडर के रूप में मुश्किल खिलाड़ी थे।
उन्होंने अनुवादक के माध्यम से कहा, ‘‘मुझे क्रिस्टियानो रोनाल्डो का नाम लेना होगा क्योंकि मैं उनके साथ ट्रेनिंग करता हूं। मुझे पता है कि उनके खिलाफ कितना मुश्किल है। ’’
उन्होंने कहा, ‘‘क्रिस्टियानो एक ऐसे फुटबॉलर रहे हैं जिन्होंने संघर्ष किया है और रियाल मैड्रिड को बहुत कुछ दिया है। उन्होंने मैनचेस्टर युनाइटेड, युवेंटस, पुर्तगाली राष्ट्रीय टीम को बहुत कुछ दिया है। उन्होंने हमेशा बहुत सारे मैच जीते हैं। मुझे पता है कि उनके साथ ट्रेनिंग करना कैसा होता है। उन्होंने बहुत मेहनत की है। ’’

अर्जेंटीना के सावियोला रियाल मैड्रिड और बार्सिलोना दोनों के लिए खेले हैं। उन्होंने कहा कि वह भारतीय प्रशंसकों के सामने खेलने के अवसर से उत्साहित हैं।
सावियोला ने कहा, ‘‘इस प्रतिद्वंद्विता को भारतीय प्रशंसकों के सामने लाने का मौका बहुत भावनात्मक है। भले ही मैं अब पेशेवर नहीं हूं, लेकिन मैं कभी भी फुटबॉल से दूर नहीं रहता। मुझे उम्मीद है कि यह मैच भारतीय फुटबॉलरों और सपने देखने वालों की एक पूरी नई पीढ़ी को प्रेरित करेगा। ’’
स्पेन की राष्ट्रीय टीम के पूर्व खिलाड़ी मोरिएंटेस ने कहा, ‘‘जब भी रियाल मैड्रिड बार्सिलोना का सामना करता है तो हमेशा प्रतिस्पर्धा होती है।

RELATED ARTICLES

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

- Advertisment -

Most Popular

Recent Comments